![]()
नया वर्ष स्वागत करता है , पहन नया परिधान ।
सारे जग से न्यारा अपना , है गणतन्त्र महान ॥
ज्ञान गंग की बहती धारा ,
चन्दा , सूरज से उजियारा ।
आन -बान और शान हमारी -
संविधान हम सबको प्यारा ।
प्रजातंत्र पर भारत वाले करते हैं अभिमान ।
सारे जग से न्यारा अपना , है गणतन्त्र महान ॥
शीश मुकुट हिमवान अचल है ,
सुन्दर -सुन्दर ताजमहल है ।
गंगा - यमुना और सरयू का -
पग पखारता पावन जल है ।
प्राणों से भी मूल्यवान है हमको हिन्दुस्तान ।
सारे जग से न्यारा अपना , है गणतन्त्र महान ॥
स्वर भर कर इतिहास सुनाता ,
महापुरुषों से इसका नाता ।
गौतम , गान्धी , दयानन्द की ,
प्यारी धरती भारतमाता ।
यहाँ हुए हैं पैदा नानक , राम , कृष्ण , भगवान् ।
सारे जग से न्यारा अपना , है गणतन्त्र महान ॥
|
समर्थक
Showing posts with label नया वर्ष स्वागत करता है पहन नया परिधान. Show all posts
Showing posts with label नया वर्ष स्वागत करता है पहन नया परिधान. Show all posts
Thursday, 1 January 2015
"नया वर्ष स्वागत करता है पहन नया परिधान" ( डॉ. रूपचंद्र शास्त्री 'मयंक' )
Subscribe to:
Posts (Atom)
